Sunday, August 7, 2022

फैमिली आईडी में कोई भी दिक्कत या कमी हैं तो जल्दी से जल्दी ठीक करवा लें

*फैमिली आईडी को लेकर महत्वपूर्ण सूचना*


**आप सभी को सूचित किया जाता हैं कि 20 अगस्त 2022 से पहले।* 



*जिसकी फैमिली आईडी में कोई भी दिक्कत या कमी हैं तो जल्दी से जल्दी ठीक करवा लें और आपके पास अगर कोई कॉल आती है तो फैमिली आईडी के बारे मे तो उनको सही जानकारी दे। अगर आप अपनी फैमिली आईडी ठीक नही करवाएंगे तो आपको सरकार द्वारा जो भी सुविधा मिलनी होगी आप उन सभी सुविधाओं से वंचित रह जाओगे और आपको कोई भी सुविधा नहीं मिलेगी।*


*महत्वपूर्ण प्वाइंट जिन पर गौर करें*


1. एक मोबाईल न. केवल एक ही फैमिली आईडी में होना चाहिए। दूसरी फैमिली आईडी मे वही मोबाइल नंबर नही होना चाहिए, अलग होना चाहिए।


2. उम्र का सबूत अपलोड करें ओर अपनी Date of Birth को अपने Document Proof के अनुसार ही भरें, न कि आधार कार्ड के अनुसार। 


3. अपना, अपने माता - पिता का नाम या पति व पत्नी का नाम आपके उचित दस्तावेज के अनुसार ही लिखवायें, किसी प्रकार की गलत जानकारी न दें। 


4. अपना मोबाईल नंबर अपनी फैमिली आईडी मे वही दें जो 24 घंटे चालू रहता हो और पर्सनल नंबर हो। 


5. अपने पते के साथ आस पास की किसी खास जगह या घर या पंचायत भवन आदि को लैंडमार्क के तौर पर जरूर लिखवायें । 


6.अपनी आमदनी चेक करवा ले, अगर गलत चढ़ गई है तो ठीक करवा लें। और अगर कहीं कम या ज्यादा वेरिफाई हो गयी है तो उसके लिए ग्रीवांस से रिक्वेस्ट लगवा दें। 


7. अपनी जाति सही से चेक करें, अगर कही गलत verify हो गईं हैं तो ठीक करवा ले। अगर वेरिफाई नही हुई है तो उसकी Request लगवा दें। वह आपसे जानकारी लेने के बाद अपने आप वेरिफाई हो जायेगी। 


8. अगर कोई दिव्यांग है और उसने अपनी फैमिली आई डी मे डिटेल्स नही दी हैं तो दे दें। ध्यान रहे जो सर्टिफिकेट 1 Sep 2022 से पहले के हैं और हाथ से लिखे हुए हैं और जिनके उपर बार कोड नही है वह सब रदद् हो जायेंगे। सो अपने नये कार्ड बनवा कर ही उपलोड् करें। 


9. किसी भी जन की सिंगल फैमिली आई डी मान्य नही है, चाहे वह बच्चा हो या बड़ा। 


 *ध्यान रहे फैमिली आईडी में जो भी त्रुटियाँ हैं वह सभी अपने नजदीकी CSC केंद्र या अटल सेवा केन्द्र पर जाकर ठीक करवा ले।* 


 *नोट* : ध्यान रहे फोन पर किसी से कोई भी OTP share न करें। व् न ही अपने बैंक एकाउंट की कोई भी डिटेल share करें। 


 *सभी ओपरेटर हर ग्राहक की संपूर्ण जानकारी भरें, कोई भी कॉलम खाली न छोड़े।* 


अगर आप फैमली id का काम करवा रहे है तो मोबाइल otp को जरूर बताए, otp आधार कार्ड पर जो मोबाइल न दिया है और फैमली id में जो न दिया है दोनो पर आएंगे।


यदि अपने आधार कार्ड से लिंक मोबाइल न खो दिया है, फेक दिया है, रिचार्ज नही किया है, तो पहले आप आप अपने आधार कार्ड को अपने चालू न के साथ अपडेट करवाए उसके बाद फैमली id ठीक करवाए......


 *फैमली id ठीक करवाने के लिए महत्वपूर्ण दस्तावेज-* 


👉 परिवार में सभी के आधारकार्ड

👉 परिवार के सदस्यों के वोट कार्ड (पहचान पत्र)

👉 परिवार के सदस्यों के बैंक खाते की पासबुक

👉 परिवार के बच्चो के जन्म प्रमाण पत्र

👉 परिवार के सदस्यों के पेन कार्ड

👉परिवार के सदस्यों के 5 वी, 8 वी, 10वी की मार्कशीट या स्कूल स्थानांतरण पत्र

👉 दिव्यांग प्रमाण पत्र (यदि कोई सदस्य है)



 *सभी कागजात ओरिजनल ले जाने है।* 

Friday, July 15, 2022

सितंबर माह में हो सकते हैं पंचायती चुनाव: धनपत सिंह


चंडीगढ़ / लंबे समय से पंचायत चुनावों के इंतजार में बैठी जनता के लिए बेहद राहत भरी खबर है। चुनाव को सितंबर में करवाने के संकेत राज्य चुनाव आयुक्त धनपत सिंह ने दिए हैं। जिसे लेकर चुनाव आयोग ने सभी जिला उपायुक्तों को आवश्यक दिशा निर्देश भी जारी कर दिए हैं और सरकार को एक पत्र भी लिखा है। दरअसल सुप्रीम कोर्ट द्वारा 10 मई 2022 को आए निर्देशों के बाद यह चुनाव शीघ्र करवाया जाना अति आवश्यक है। जिसे लेकर चुनाव आयोग ने राज्य सरकार को पंचायतों, जिला परिषद और पंचायत समितियों के शीघ्र वार्ड बंदी करने के निर्देश जारी किए हैं।

इस चुनाव में राज्य सरकार द्वारा बनाए गए 2020 के नियमानुसार महिलाओं को 50 फ़ीसदी हिस्सेदारी मिलेगी और अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित सीटों को लेकर ड्रा ऑफ लॉट निकालने के भी निर्देश दिए हैं। इस चुनाव में सुप्रीम कोर्ट की हिदायतों के अनुसार प्रदेश में इस बार पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित कोई सीट नहीं होगी। क्योंकि प्रदेश में अभी पिछड़ा आयोग गठित नहीं हो पाया है

दरअसल राज्य सरकार को पत्र लिखना चुनाव आयोग की एक सामान्य प्रक्रिया है। क्योंकि बिना जिला प्रशासन और पुलिस की मदद के चुनाव संपन्न करवाना संभव नहीं है। चुनाव आयुक्त धनपत सिंह ने बताया कि ऐसा भी संभव है कि पूरे प्रदेश में यह चुनाव एक साथ एक फेज में करवाए जाएं, इसके लिए केंद्रीय पैरामिलिट्री फोर्स की जरूरत भी पड़ सकती है। इसके लिए यह पत्र लिखा गया है। धनपत सिंह ने बताया कि जिला उपायुक्त जिला निर्वाचन अधिकारी भी होते हैं, उनको इलेक्ट्रोल की रिवीजन, चुनाव सामग्री तैयार करने और चुनाव आयोग से जरूरत अनुसार सामग्री, बजट और ईवीएम की व्यवस्था के निर्देश जारी हुए हैं। बैलेट पेपर से होने वाले पंचों के चुनावों के लिए बैलट बॉक्स इत्यादि की व्यवस्था के भी निर्देश जारी हुए हैं। 

Sunday, July 10, 2022

हरियाणा को मिलने वाली है एशिया की सबसे बड़ी सब्जी मंडी की सौगात, 550 एकड़ में शुरू हुआ निर्माण

 चंडीगढ़ : बता दें कि हरियाणा में ही एशिया की सबसे बड़ी मंडी को बनाया जा रहा है। इस मंडी को बनाने के लिए पीछे डेढ़ दशक से काम किया जा रहा है लेकिन अब जल्द ही इस मंडी को शुरू किया जा सकता है। हरियाणा के किसानों के लिए भी ये मंडी किसी सौगात से कम नहीं है। बता दें कि इस मंडी का काम भी अब लगभग पूरा हो चुका है। इसलिए अब आने बता दें कि हरियाणा के सीएम भी हाल ही में गन्नौर में स्थित अंतर्राष्ट्रीय बागवानी मंडी में पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने इस मंडी का निरीक्षण किया और मंडी को जल्द से जल्द चालू करने के निर्देश भी दिए।




 बता दें कि ये मंडी एशिया की सबसे बड़ी मंडी है। यहाँ कई तरह के उत्पाद की खरीद बिक्री की जा सकेगी। आइए जानते हैं खबर से जुड़ी खास बातें। कुछ ही महीनों में इसे शुरू भी कर दिया जाएगा।

एशिया की सबसे बड़ी मंडी भी जल्द 

बता दें कि अब हरियाणा में बनी एशिया की सबसे बड़ी मंडी भी जल्द ही शुरू होने वाली है। बता दें कि अब कुछ ही महीनों में इस मंडी को शुरू भी कर दिया जाएगा। बता दें कि तत्कालीन कॉंग्रेस ने ही 2004 में इस मंडी की आधारशिला को रखा था। इस मंडी को 550 एकड़ में बनाया गया है। जानकारी के अनुसार ये मंडी एशिया की सबसे बड़ी मंडी होने वाली है। इस मंडी में फल, सब्जी, फूल और डेयरी उत्पाद की खरीद बिक्री की जा सकती है।बता दें कि अब हरियाणा में बनी एशिया की सबसे बड़ी मंडी भी जल्द ही शुरू होने वाली है। बता दें कि अब कुछ ही महीनों में इस मंडी को शुरू भी कर दिया जाएगा। बता दें कि तत्कालीन कॉंग्रेस ने ही 2004 में इस मंडी की आधारशिला को रखा था। इस मंडी को 550 एकड़ में बनाया गया है। जानकारी के अनुसार ये मंडी एशिया की सबसे बड़ी मंडी होने वाली है। इस मंडी में फल, सब्जी, फूल और डेयरी उत्पाद की खरीद बिक्री की जा सकती है।



बता दें कि इस दौरान सीएम मनोहर ने इस मंडी को जल्द से जल्द शुरू करने के भी निर्देश दिए गए हैं। बताया जा रहा है कि अब विचार विमर्श के बाद ये दुकानें अलॉट भी कर दी जाएंगी। अगस्त सितंबर में इस मंडी को शुरू किया जा सकता है। इस मंडी को बनाने में भी तीन हज़ार करोड़ का खर्च आया है। किसानों के लिए यहाँ अलग से मार्केट भी बनाई गई है। यहाँ हरियाणा, पंजाब, जम्मू कश्मीर, लद्दाख, उत्तराखंड, राजस्थान, उत्तरप्रदेश और हिमाचलप्रदेश जैसे राज्यों को भी लाभ मिलने वाला है।

हरियाणा में सुपर फास्ट एक्सप्रेस हाईवे बनकर तैयार, इन 8 जिलों के लोगों को होगा फायदा

 National Greenfield Express Highway 152-D: कुरूक्षेत्र | हरियाणा को जल्द ही सबसे बड़ा सुपर फास्ट एक्सप्रेस हाईवे मिलने जा रहा है। खास बात यह है कि इस एक्सप्रेस हाईवे पर धीमी रफ्तार की गाड़ियों की एंट्री नही होगी। एक्सप्रेस हाईवे पर हल्के गाड़ियों की रफ्तार 100 किलोमीटर प्रति घंटा और भारी वाहनों की स्पीड 80 किलोमीटर प्रति घंटा निर्धारित है। वाहन इस एक्सप्रेस हाईवे पर गोली की रफ्तार से दौड़ती नजर आएंगी। 

हरियाणा के नारनौल से कुरुक्षेत्र जिले के ईस्माईलाबाद के बीच बन रहे नेशनल ग्रीनफिल्ड एक्सप्रेस हाईवे 152 D का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। इस 6 लेन वाले एक्सप्रेस हाईवे का निर्माण अंबाला-कोटपुतली इकोनोमिक कारिडोर के लॉजिस्टिक हब बनाने को ध्यान में रखते हुए बनाया गया है। 230 किलोमीटर के इस राजमार्ग को नारनौल दक्षिण पश्चिम से कुरुक्षेत्र उत्तर पूर्व के गंगहेड़ी तक बनाया गया है। केंद्र सरकार की ओर से इस राजमार्ग के निर्माण के लिए 5108 करोड़ के बजट का निर्धारण किया गया था। 70 मीटर चौड़ाई वाले इस एक्सप्रेस हाईवे पर 122 ब्रिज और अंडरपास बनाए गए है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक यह एक्सप्रेस हाईवे इसी महीने में शुरु हो सकता है। 

हरियाणा के 8 जिलों को होगा फायदा

नेशनल ग्रीनफिल्ड एक्सप्रेस हाईवे 152 D से हरियाणा के कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, जींद, रोहतक, भिवानी, चरखी दादरी और महेंद्रगढ़ जिले से होकर गुजरेगा। हाईवे के शुरु होने से खास तौर पर इन आठ जिलों के लोगों को फायदा होगा। यह हाईवे नारनौल बाईपास पर नेशनल हाईवे 148B से लिंग का करेगा। हाईवे के शुरू होने के बाद जयपुर-नारनौल-अंबाला-चंडीगढ़ का सफर काफी आसान हो जाएगा।

धीमी गति के वाहन वर्जित

नेशनल ग्रीन फील्ड एक्सप्रेस हाईवे को हाई स्पीड एक्सेस कंट्रोल कोरिडोर के रूप में बनाया गया है, जिस कारण इस राष्ट्रीय राजमार्ग में धीमी गति वाले वाहनों जैसे मोटरसाइकिल, दुपहिया वाहनों, तिपहिया वाहनों, गैस मोटर चालित वाहनों, ट्रेलर के साथ या ट्रेलर के बिना ट्रैक्टर, बहु धुरिया हाइड्रोलिक ट्रेलर वाहन, क्वाड्री साइकिल का चलना वर्जित किया गया है। एक्सप्रेस-वे पर धीमी गति की वाहनों के कारण होने वाली दुर्घटनाओं को देखते हुए प्रशासन की ओर से यह निर्णय लिया गया है




चंडीगढ़ और जयपुर तक का सफर अब हो जायेगा बेहद आसान

 152-D एक्सप्रेस-वे के शुरू होने पर चरखी दादरी और दक्षिण हरियाणा के लोगों का चंडीगढ़ और जयपुर तक का सफर बेहद सुहावना हो जाएगा



14 एंट्री व एग्जिट पाॅइंट, वहीं पर देना होगा टोल


इस एक्सप्रेसवे पर कुल 14 एंट्री व एग्जिट प्वाइंट बनाए गए हैं. ये एंट्री व एग्जिट पाॅइंट 7 नेशनल हाईवे व 7 स्टेट हाईवे पर बनाए गए हैं. बीच में कहीं पर भी टोल नाके नही बनाए गए हैं. हाईवे के नीचे सर्विस लेन पर जहां एंट्री-एग्जिट पाॅइंट बनाए हैं वहीं पर टोल टोक्स देना पड़ेगा. इस से वाहन चालकों को परेशानी नहीं होगी और समय भी बचेगा.


ये रहेंगे एंट्री व एग्जिट पाॅइंट


• गंगहेड़ी के पास नेशनल हाईवे हिसार-चंडीगढ़ रोड से स्टार्ट डी पाॅइंट

• थानेसर-पिहोवा रोड स्टेट हाईवे 06

• ढांड-करनाल-पटियाला रोड स्टेट हाईवे 33

• पूंडरी के समीप कैथल-करनाल स्टेट हाईवे 08

• असंध-कैथल रोड स्टेट हाईवे 11

• करनाल-असंध-जींद नेशनल हाईवे-709ए

• सफीदो-जींद रोड स्टेट हाईवे 16


• जींद-गोहाना ग्रीन फील्ड नेशनल हाईवे

• जींद-रोहतक नेशनल हाईवे जुलाना के समीप

• गोहाना-महम रोड रोड स्टेट हाईवे 16

• रोहतक-हिसार नेशनल हाईवे 9

• रोहतक-भिवानी नेशनल हाईवे 709

• समसपुर-चरखीदादरी नेशनल हाईवे 334 बी

• अटेली-महेंद्रगढ़ स्टेट हाईवे


इन जिलों को मिलेगा फायदा


152-D एक्सप्रेस-वे के शुरू होने पर दक्षिण हरियाणा के जिलों नारनौल, महेन्द्रगढ़, रेवाड़ी के लोगों का चंडीगढ़ तक का सफर बेहद सुहावना हो जाएगा. इसी तरह से अम्बाला, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, जींद, आदि जिलों के लोगों के लिए दक्षिण हरियाणा के जिलों में आवागमन बेहद आसान और कम समय में तय होगा. इस नेशनल हाईवे की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह हाईवे प्रदेश के किसी भी शहर को टच नहीं करेगा.


1033 पर कॉल करने पर मिलेगी मदद


सुरक्षा की दृष्टि से इस एक्सप्रेसवे पर विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएगी. हाइवे पर प्रत्येक एक किलोमीटर पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं. किसी भी दुर्घटना की सूरत में तुरंत रिस्पांस मिलेगा. हाइवे पर 24 घंटे एंबुलेंस की सुविधा रहेगी. सफर के दौरान किसी प्रकार की असुविधा होने पर 1033 पर फोन करके मदद ली जा सकती है.

Friday, July 8, 2011

ब्याह


बाबा पीर की जय
म्हारे गामां के ब्याह के बारे में पूरा लेखा-जोखा, हिसाब-किताब अर् ब्याह जडअ् तै ष्षुरू होवे ओडे तै लैके आखर तक पहंुचाण की कोषिष करी सै, उम्मीद सै तामनै जरूर पंसद आवगी

संदीप कंवल भुरटाना
ब्याह
हर किसे कअ् चड्ढे चा,
जद होंदा होवै ब्याह,
गांमा की पुराणी रीत,
घरां गाए जावैं गीत,
सात-ग्यारह दिन का लग्न आवै,
छींक -छीक के नै मिठाई खावैं,
फेर दैंव घर आले बाना,
मीठा भैके रोटी खाणा,
चिन्ता भी फेर रोज हौवे,
उन दिनां म्हं मौज हौवे,
ब्याह तै पहलड़ा दिन भातियां का आणा,
गाम आलां का खाणा चालू करवाणा,
फेर मामे भरैं भात,
ब्होत करणी पडै़ खुबात,
भाई-बाहण कै सहारा लावै,
बूढ़ला की रीत निभावै,
लिखें भात खुलैं बही,
उसे रात फेर चढे तई,
गुड़ चीनी की चाष्णी छणे,
लाडू, जलेबी मिठाई बणे,
कोए बोचण म्हं फैदा ठाज्या,
अंधेरा म्हं लाडू खाज्या,
ब्याह का बड़ा मीठा खेल,
पहलड़ा दिन नै कहवां मेल,
बाने काढे गिण-गिण,
फेर आवै ब्याह आला दिन,
पहलां बनड़ा का तैल तारैं,
फोटू आलै भी झिमका मारैं,
सारे सिंगर डोल कै होज्या तैयार,
काडदे बनड़ा का त्यौहार,
बनड़ा नै नाई नुवांवै,
आच्छा साबण पाणी लावैं,
लाल लत्ता सिर उड़ा रै,
फेर मामा पाटड़ा पै तै तारै,
फेर बनडा कै जींजा की आवै बारी,
पहला टोपी मंदिर जाण की तैयारी,
चढ़ घोड़ी मंदिर म्हं जाणा,
फेर भगवान नै षीष नवाणा,
डीजै पै बाजै गाणे हिट,
यार दैवं सारे गिफट,
भाभी आंख्या म्हं कालस घालै,
मांगै नेक फेर नाड़ हालै,
फेर बाराती चालै होके लैट,
आगलै गामै फेर हौवे फेट,
करकै नै पूरी खुबात,
आगलै गांम फेर पहुचै बारात,
औडे मिलणी पै बुढे आवैं,
माला घाल गलै मिल जावैं
खातिरदारी की पहली निषानी,
कंपा कोला और षरबत का पानी,
दैव सालै जतावैं प्यार,
मिनट म्हं कहवै रिष्तेदार,
फेर पंडत जी आवैं,
रस्मुना सा करकै जावैं,
थोड़ी पुराणी रीत निभावैं,
बरी का सामान भी ले ज्यावैं,
फैर हौवे फेरां की तैयारी,
ब्हुंआ कें सिंगार म्हं टेम लागै भारी,
छोरे भी डीजै पै गाणै लगवांवै,
नाच-नाच के धूमैं ठावैं,
घणखरे ब्होत ए माच्चैं,
बेतल मुंह कअ् लाकै नाच्चै,
आज्या छोरीआलां का घर,
ढोलकियां की आरी मर,
फेर साली निम झारैं,
जोर का फटकारा मारैं,
एक रिबन भी कटवांवै,
राम दणी सी नैक लेज्यावैं,


कई छोरे अल्बाध कर ज्यावैं,
सपरे मार धोली कर ज्यावैं,
मजै आवैं जिब भतेरे,
फेर षुरू हो ज्यावैं फेरे,
छोरी नै लेके मामा आवै,
राम दणी सी पाटड़ा पै बिठावै,
पंडत जी ब्होत बार लगावै,
पिसे देदीं ए फेरे तावले करावै,
छोरी आलै दैंव ब्होत सामान,
फेर वो घालै कन्यादान,
घणी गर्मी म्हं चालै बीजणे,
सरी लुगाई दैंव सिटणे,
बनडे की बेबे ए,,,,,,,,,
भीड़ म्हं नहीं मिलै सीट,
फेर छोरी दैंव गिफट,
कैमरा आला गैंल्या करैं कैंस,
बोली खाली ना मारिए फलैस,
घूम-घूम सात फेरें हो ज्यावैं,
फेर सारे बाराती खाणा खावैं,
मेल-जोल म्हं होवैं सब फिदा,
आखर म्हं फेर हौवे विदा,
बूढे़-बडेरे की हौव मान तान,
कांबल, गुट्ठी का हौव दान,
लाल-लाल सी ठावै किताब,
सारै ब्याह का हौव हिसाब,
फेर आखरी घड़ी सै आई,
बारात की फेर हौव विदाई,
सबकी आंख्या म्हं आंसू आवैं,
जिद घर तै एक आदमी जावैं,
कुछैक घंटा म्हं मिटै चा,
न्यू हो ज्यावै सै भाईयों ब्याह,
हर किसे कअ चडढे चा,
जद होंदा हौवे ब्याह।।।।।।

संदीप कंवल भुरटाना